

रायपुर। कभी छत्तीसगढ़ के घने जंगलों में बंदूक उठाने वाली और नक्सली हिंसा का हिस्सा रहीं महिलाएं अब समाज की मुख्यधारा में लौटकर एक नई और प्रेरणादायक इबारत लिख रही हैं। छत्तीसगढ़ शासन की पुनर्वास नीति और कौशल विकास पहलों के सकारात्मक परिणाम अब धरातल पर साफ नजर आ रहे हैं, जिसके तहत इन महिलाओं ने हिंसा का रास्ता छोड़कर फैशन की दुनिया और कला के क्षेत्र में कदम रखा है।
हाल ही में राज्य शासन द्वारा आयोजित एक विशेष कार्यक्रम और फैशन शो में इन महिलाओं ने आत्मविश्वास के साथ रैंप वॉक किया। छत्तीसगढ़ के पारंपरिक हैंडलूम (हाथकरघा) व वस्त्रों को बढ़ावा दिया। कभी खौफ और अनिश्चितता के साए में जीने वाली इन महिलाओं का रैंप पर यह अंदाज देखकर हर कोई हैरान और प्रेरित नजर आया।

पुनर्वास नीति का असर
राज्य सरकार की नक्सल समर्पण और पुनर्वास नीति के तहत इन महिलाओं को केवल मुख्यधारा में ही नहीं लाया गया, बल्कि उन्हें आत्मनिर्भर बनाने के लिए विभिन्न प्रकार का व्यावसायिक प्रशिक्षण भी दिया जा रहा है।
सुरक्षा बलों और जिला प्रशासन के सहयोग से इन महिलाओं को सिलाई, हैंडलूम बुनाई, फैशन डिजाइनिंग और अन्य हस्तशिल्प कलाओं में प्रशिक्षित किया गया है।

कभी समाज से कटी रहने वाली ये महिलाएं अब अपने हुनर के दम पर आर्थिक रूप से स्वतंत्र हो रही हैं और अपने परिवार के लिए सम्मानजनक जीवन सुनिश्चित कर रही हैं।
हैंडलूम का प्रचार-प्रसार
फैशन शो के माध्यम से इन महिलाओं ने छत्तीसगढ़ के पारंपरिक हथकरघा (हैंडलूम) उत्पादों को एक नया मंच दिया है, जिससे स्थानीय बुनकरों और उनके उत्पादों को भी बढ़ावा मिल रहा है।
प्रेरणास्त्रोत बनीं महिलाएं
प्रशासन का मानना है कि इस तरह के आयोजन का मुख्य उद्देश्य इन महिलाओं के भीतर के डर को पूरी तरह खत्म करना और उनके आत्मविश्वास को बढ़ाना है। रैंप वॉक के दौरान उनका यह बदला हुआ रूप उन अन्य युवाओं के लिए भी एक कड़ा संदेश है, जो अभी भी भटके हुए रास्ते पर हैं।
ये है वीडियो
हमारे साथ जुड़ें
व्हाट्सएप ग्रुप
https://chat.whatsapp.com/H5n5EBsvk6S4fpctWHfcLK
स्वदेशी एप ग्रुप
https://chat.arattai.in/groups/t43545f313238383036363337343930333731343936395f32303030323937303330392d47437c3031303131353032363138323137353934323036313934393230
यहां सीधे पढ़ें खबरें
खबरें और भी हैं। इसे आप अपने न्यूज वेब पोर्टल dainikbharat24.com पर सीधे भी जाकर पढ़ सकते हैं। नोटिफिकेशन को अलाउ कर खबरों से अपडेट रह सकते हैं। साथ ही, सुविधा के मुताबिक अन्य खबरें भी पढ़ सकते हैं।
आप अपने न्यूज वेब पोर्टल से फेसबुक, इंस्टाग्राम, X, स्वदेशी एप arattai सहित अन्य सोशल मीडिया पर भी जुड़ सकते हैं। खबरें पढ़ सकते हैं। सीधे गूगल हिन्दी न्यूज पर जाकर खबरें पढ़ सकते हैं। अपने सुझाव या खबरें हमें dainikbharat24@gmail.com पर भेजें।



