‘सकारात्मक और रिस्पांसिबल रिपोर्टिंग से बढ़ती आत्महत्या की दर में कमी संभव’
सीआईपी में ‘मीडिया, आत्महत्या और मानसिक स्वास्थ्य पेशेवर : जिम्मेदार रिपोर्टिंग’ पर कार्यशाला रांची। आत्महत्या ‘कॉपी-कैट’ अधिनियम है। नकल के माध्यम से आत्महत्या से होने वाली मौतों में वृद्धि हो सकती है। सकारात्मक और रिस्पांसिबल रिपोर्टिंग के जरिये बढ़ती आत्महत्या की दर में कमी की जा सकती है। कई लोगों की जान बचाई जा सकती […]
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