दूरदर्शी होने के साथ-साथ बेहद सुलभ और विनम्र थे रतन टाटा
जमशेदपुर। 9 अक्टूबर 2024 का दिन इतिहास में शोक और श्रद्धाभाव के साथ दर्ज हो गया, जब रतन टाटा ने इस दुनिया को अलविदा कहा। उनका जाना एक ऐसा शून्य छोड़ गया है, जिसे भर पाना शायद असंभव है। भारत और दुनिया ने उस महान विभूति को खो दिया, जो सदियों में एक बार जन्म […]
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